डीसीपी ने बताया कि इस मामले की जांच साइबर सेल के इंस्पेक्टर विकास कुमार व एसआइ नरेश कुमार को दी गई थी। पहले इंस्टाग्राम अकाउंट की मदद से आरोपित के आइपी एड्रेस का पता किया गया। इस एड्रेस के मिलने पर पुलिस आरोपित के मोबाइल नंबर तक पहुंची।from Jagran Hindi News - delhi:new-delhi-city https://ift.tt/3FhnPey
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